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मंदसौर गोलीकांड की 6वीं बरसी : कमलनाथ बोले- मैं बताता हूं, उस दिन किसान क्या मांग रहे थे

- मंदसौर गोलीकांड की 6वीं बरसी पर पिपरिया मंडी पहुंचे कमलनाथ- पिपरिया मंडी से कमलनाथ का चुनावी शंखनाद- बोले- मैं बताता हूं, उस दिन किसान क्या मांग रहे थे- शिवराज सरकार पर लगाए भ्रष्टाचार के आरोप
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मंदसौर

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Mohammad Faiz Mubarak

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Updated: 6 Jun 2023, 1:28 PM IST

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मंदसौर गोलीकांड की 6वीं बरसी : कमलनाथ बोले- मैं बताता हूं, उस दिन किसान क्या मांग रहे थे

मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ मंगलवार को मंदसौर गोलीकांड की छठी बरसी पर पिपलिया मंडी पहुंच गए हैं। यहां प्रेस कांफ्रेस करते हुए कमलनाथ ने शिवराज सरकार पर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया। यही नहीं, कमलनाथ ने शिवराज सरकार पर महाकाल लोक के निर्माण में भ्रष्टाचार करने का भी आरोप लगाया। साथ ही, उन्होंने ये भी कहा कि, आज मैं ये बताने आया हूं कि, जिस दिन मंदसौर में गोली कांड हुआ था, उस दिन किसान क्या मांग रहे थे?


मीडिया से चर्चा करते हुए कमलनाथ ने कहा कि, भाजपा और शिवराज सिंह चौहान जनता को कितना भी गुमराह करने की कोशिश करते रहें। लेकिन, अब प्रदेश की जनता इनके बहकावे में आने वाली नहीं है।

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महाकाल लोक निर्माण में भ्रष्टाचार के आरोप

कमलनाथ ने आगे कहा कि, हाल ही में महाकाल लोक में हुआ घोटाला सप्तर्षियों की मूर्तियां किस प्रकार हवा के झोंके से गिरकर टूट गई। उन्होंने कहा कि, वहां कोई भूकंप तो आया नहीं था या किसी विशाल चीज की टक्कर तो लगी नहीं, सिर्फ हवा चलने से ही मूर्तियां उड़ते हुए जमीन पर आ गिरीं, जिससे किसी का सिर तो किसी के हाथ टूट गए। बाकी सभी मूर्तियों में दरारे तो आ ही गई हैं। मामला यहीं खत्म नहीं हुआ। कुछ दिन बाद ही नंदी द्वार का कलश भी गिरकर टूट गया। कमलनाथ ने आरोप लगाते हुए कहा कि, भारतीय जनता पार्टी ने भ्रष्टाचार करने में महाकाल से भी परहेज नहीं किया।

जांच रिपोर्ट का अबतक पता नहीं

मंदसौर आने का कारण बताते हुए कमलनाथ ने कहा कि, आज मैं यहां आया हूं, ठीक उसी दिन जिस दिन यहां गोली कांड हुआ था। उन्होंने कहा कि, अब मैं आपको बताता हूं कि, उस दिन किसान क्या मांग रहे थे ? कमलनाथ ने कहा कि, उस दिन वो न्याय मांग रहे थे। फसलों का सही मूल्य मांग रहे थे, लेकिन असल में उन्हें मिला कया ? पुलिस की गोलियां। इसके बाद जांच का नाटक चला, जिसकी रिपोर्ट आज तक नहीं आई है। उन्होंने आगे कहा कि, किसानों के हत्यारों से कोई न्याय की उम्मीद नहीं कर सकता।


सिर्फ घोषणा मशीन हैं शिवराज- कमलनाथ

उन्होंने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पर हमला बोलते हुए कहा कि, सीएम शिवराज की 18 वर्षों तक तो घोषणा मशीन चल ही रही। जनता प्रदेश की जनता भ अब ये जान गई है कि, अगले 5 महीने उनकी ये घोषणा मशीन डबल स्पीड से चलेगी। उन्होंने ये भी कहा कि, इस डबल इंजन की सरकार ने मध्य प्रदेश को सिर्फ सत्यानाश की तरफ ही धकेला है। ये बात अब जनता अच्छी तरह से जान चुकी है। क्योंकि, मध्य प्रदेश के हर क्षेत्र में चौपट राज चल रहा है। बात शिक्षा की करें, स्वास्थ्य की करें, कृषि की करें, रोजगार की करें, कानून व्यवस्था की या किसी चीज की। हकीकत ये है कि, हर जगह व्यवस्थाएं चौपट हैं।


'मंदसौर के किसान इस बात के गवाह हैं'

कमलानाथ ने ये भी कहा कि, हमारी सरकार ने मंदसौर जिले के ही एक लाख एक हजार किसानों का कर्जा माफ करके दिखाया था। मंदसौर के किसान इस बात के गवाह भी हैं। इसके लिए हमें भाजपा के सर्टिफिकेट की जरूरत नहीं है। उन्होंने ये बी कहा कि, मुझे आज भी याद है कि, कांग्रेस के कार्यकाल के दौरान मंदसौर में अतिवृष्टि हुई थी। उस दौरान मैं खुद यहां आया था। उसके बाद जब मैं भोपाल लौटा तो अफसरों ने मुझसे कहा कि, पहले हमें सर्वे कराना होगा। इसपर मैने अधिकारियों से कहा था कि, मैं वहां खुद सर्वे करके आ रहा हूं। खानापूर्ती होती रहेगी, सबसे पहले किसानों के खातों में मुआवजे की राशि पहुंचाइए।

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'धर्म आचार-विचार का विषय, राजनीतिक प्रचार का नहीं'

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने आगे कहा कि, हमने अपनी माताओं बहनों के लिए 'नारी सम्मान' योजना लॉन्च की है। लेकिन, कृषि क्षेत्र की उन्नति हमारी पहली प्राथमिकता होगी और हमारे घोषणा पत्र में इसके लिए अलग से प्रावधान होंगे। धर्म आचार और विचार का विषय है। लेकिन, मौजूदा सरकार ने उसे राजनीतिक प्रचार का विषय बना दिया है। आज देश के अलग - अलग वर्गों में तनाव पैदा करने की राजनीति की जा रही है। उन्होंने मणिपुर का उदाहरण देते हुए कहा कि, आज वहां क्या हो रहा है ? वर्ग संघर्ष की स्थिति है।


हर चीज में घोटाला

किसानों के लिए हमारी पार्टी का साफ एजेंडा है और वो ये है कि, किसानों को फसल का सही मूल्य मिले और किसानों को खाद और बीज के लिए भटकना न पड़े। हमारी सरकार के दौरान किसान को खाद बीज के लिए भटकना नहीं पड़ा था। लेकिन, आज हालात ये हैं कि, अतिवृष्टि में घोटाला, ओलावृष्टि में घोटाला, मुआवजे देने में घोटाला हो रहा है।


'सीएम का चेहरा वही होगा, जिसे जनता स्वीकार करेगी'

मैं मई मैं प्रदेश अध्यक्ष बना था नवंबर में चुनाव थे मध्यप्रदेश में काफी लोग मुझे पहचानते नहीं थे मेरी कार्यशैली से वाकिफ नहीं थे परंतु आज ऐसा नहीं है मध्य प्रदेश का हर वर्ग कमलनाथ को और कमलनाथ की कार्यशैली को जानता और पहचानता है। मुख्यमंत्री के चेहरे को लेकर हमारे नेताओं ने जो भी बातें कही है वह आपने भी सुनी है मैंने भी सुनी है इसमें कोई बेचैनी वाली बात नहीं। अंत में वही चेहरा होगा जिसे जनता स्वीकार करेगी।


गोलीकांड की 6वीं बरसी पर मंदसौर पहुंचे कमलनाथ

गौरतलब है कि, आज ही के दिन यानी 6 जून 2017 को किसान आंदोलन के दौरान पुलिस फायरिंग में पांच किसानों की मौत हो गई थी। वहीं, एक किसान की मौत तो पुलिस कस्टडी में हुई थी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ मंगलवार सुबह 10 बजे मंदसौर हवाई पट्टी पर उतरे। यहां उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए मीडिया से बाचतीत की। यहां से कमलनाथ हेलिकॉप्टर के जरिए पिपलिया मंडी के खोखरा हेलीपैड पहुंचेंगे। यहां रोड शो और मंडलम सेक्टर के कार्यकर्ताओं के साथ बैठक लेंगे। इसके बाद टीलाखेड़ा बालाजी मंदिर के सामने हाई स्कूल मैदान पिपलिया मंडी में जनसभा को संबोधित करेंगे।

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मंदसौर गोलीकांड में पुलिस की गोली से गई थी किसानों की जान

6 जून 2017 को किसान उपज के दाम एमएसपी मूल्य करने की मांग को लेकर सड़कों पर आंदोलन कर रहे थे। किसानों का ये आंदोलन पांच दिन से अधिक चला। इस दौरान दूधबंदी, सब्जी बंदी जैसे आंदोलन हुए, जिसमें किसानों ने सड़कों पर चक्काजाम शुरू कर दिया। जिले में जगह-जगह किसान हाईवे जाम कर आंदोलन कर रहे थे। 6 जून को हिंसक भीड़ को तितरबितर करने के लिए पुलिस को फायरिंग करनी पड़ी, जिसमें पांच किसानों की जान चली गई। इसी तरह दलोदा में आंदोलन के दौरान किसान घनश्याम को पुलिस ने हिरासत में लिया था, उसकी भी पुलिस हिरासत में मौत हो गई थी।